Текст песни
अजी मैंने कहा कहां हो? अरे यार तुम कहां थे? हम अंदर थे। अंदर। घर के अंदर थे। वहां क्या कर रहे थे? अरे मौसम बना रहे थे। मौसम। क्या किसी ने तुम्हारे संग बलात्कार किया क्या? क्या मतलब? यार तुम्हारा चेहरा तो ऐसे ही लग रहा है जैसे किसी ने बलात्कार कर दिया। हां, यह सुना तो है हमने लेकिन यह उल्टा केस नहीं होता कभी। क्यों? आजकल बड़े शौकीन लोग हैं। तुम्हें मालूम है। तुम्हारे साथ हुआ क्या? हमारे संग कौन करेगा? पटक के पेलते हैं हम। यह काम कब करोगी? बहुत जल्दी। हम बहुत परेशान हैं। अगर तुमने हमको छुआ, ओए। अगर तुमने हमको छुआ कि हमने पेला। आपने अब तक कितनों को पेला? बहुत लोगों को। सबसे पहले तो मुशर्रफ को पेला, उसके बाद हरिचंद को पेला। तभी वो फूल गया है। हां, फिर शीतल को पेला। शीतल को ठीक से नहीं पेला दुबले। अरे बहुत जबरदस्त पेला हमने। ऐ बकवास मत कर। भक भक। कुत्ते। तूने हमें कुत्ता कहा। कुत्ते। हमें कुत्ता कहा। अरे कुत्ते तो तुम, तुमसे अच्छे कुत्ते हैं। हम प्रसन्न हुए। जिनकी बड़ी इज्जत है। तुम तो छिछोड़े कुत्ते हो। हम प्रसन्न हुए। क्यों? तुमको कुत्ते के बारे में जानकारी नहीं है। काहे की? कुत्ते राजा महाराजाओं की जिंदगी जीते हैं। हां, यह बात तो है। कुत्तों को ना lockdown का डर है, ना पुलिस का खतरा है, ना mask लगाने की जरूरत है। जहां चाहे वहां बलात्कार कर दिए। जहां चाहे था कुतिया को छेड़ दिया। ना पुलिस कोई नहीं बोल सकती। ट्रैफिक वाले खड़े हैं, कुत्ते जुलूस लेकर जा रहे हैं। line लगी है। कुतिया आगे है। चौदह-पंद्रह उम्मीदवार पीछे line लगाए हुए हैं। रात भर हंगामा करते हैं कुत्ते और दिन में सड़क पर फैल के सोते हैं और कुतिया, कुतिया खाली एक ही काम करती है। यह क्या है? बचाव पक्ष। यार हमारे मोहल्ले में कुंजड़े हैं। कुंजले। कुंजले बहुत हैं। अच्छा। और वही तमाम कुत्ते पले हैं। कुंजले वाले कुत्ते बड़े खतरनाक होते हैं। वही कह रहे हैं रंपद जी। एक कुतिया जब सोकर उठती है। अच्छा। तो जैसे उसने यूं किया। आए हाय हाय बस, बस। कुत्ता क्या करता है? तो कुतिया क्या करती है? क्या? भाई साहब असली कुतिया है। अरे यार जो हम देखा वही हम तुम्हें बता रहे तो हमें कुतिया बताए दे रहे हो। तुम्हारी बिरादरी की थी। हां। तुम्हारी बिरादरी की। वो काली कुत्ते तुम्हारी बहन है। ओए इधर आओ। Don't touch my body. I have no औरत। जो हिन काला हाथ लगाए हो। लाल कर देंगे। वाह वाह! हां और हम तुम्हारे ओठ को चूस डालेंगे। अबे तुममें हिम्मत नहीं, हाथ डाल के लौट देंगे तुम्हें। एक काम करो। हां। कोई गाना जानती हो? गाना बहुत जानते हैं। सुनाओ। हंसो मत, हंसो मत। झूला झूलन को आई रे। बेईमान बालमा अरे नादान बालमा। झूला झूलन को आई रे। बेईमान बालमा अरे नादान बालमा। जब मैं घर से निकली तो मेले में जा पहुंची। जब मैं मेले पहुंची तो यार मुझे बहुत अच्छा लगा। यार यह कैका नोट है। मेले का खर्चा है। कितने का नोट है? जितने हो बर्दाश्त करो। दस का है। ढाई हज़ार नोट है। ढाई हज़ार। हां। मतलब एक, दो और बीच में आधा। जी। तो यह ढाई। जी। अरे वाह भाई वाह! गांधी जी है। हां, गांधी जी तो हैं। तो फिर तो तीन का हो गया। तीन हो गए। लेकिन नोट तो एक ही है यार। अरे एक ही बर्दाश्त करो यार। इसको रख ले हम। हां रखो। वाह रे टेलर। देखे तो नहीं। वाह रे टेलर मास्टर क्या जेब बनाते हो यार। मर्दों की जेब यहां है और औरतों का बैग यहां है। काश हम भी रुपया होते। ऊपर वाले से दुआ करो। काश हम भी रुपया होते तो वहीं चिपक के रहते। भक। और क्या रंपद जी। मेले में जाके पहुंची। देखा जो मैंने सर्कस। सर्कस। उसमें क्या देखा? बड़े बड़े जानवर। बड़े बड़े जानवर। हां। छोटा जानवर देखा है। छोटा कोई नहीं था। वो बड़ा खतरनाक होता है। बड़े बड़े जानवर। क्या कौ जानवर था? मेले में जा पहुंची, देखा जो मैंने सरकत। पलटी नजर जो देखा। क्या? पलटी नजर जो देखा, हाथी था मेरे पीछे, पलटी नजर जो देखा हाथी था मेरे पीछे। भैया मुसर््रफ इन्होंने हाथी देखा है। हाँ। हाथी का पांचवा पैर देखा है। वही तो, वही मैं। क्या? पकड़ के। हाँ। हाथी पकड़ के रोई रे बेईमान बालमा, अरे नादान बालमा। झूला झूलन को आई रे बेईमान बालमा, अरे नादान बालमा। क्या देख रहे हो? क्या देख रहे हो? आज तूने अंडा नहीं दिया। हाथी कभी अंडा देता है। तो चू-चूजा दे दे। और क्या रंपत जी। सामन का था महीना, जमके जो बरसा पानी। ठीक है। सामन का था महीना। कसके जो बरसा पानी। कसके, कसके बरसा जो पानी। और क्या रंपत जी। पलटी नजर जो देखा। पलटी नजर जो देखा। पीछे मेरे मालूम क्या था? वही गैंडा हाथी। अच्छा, अच्छा, अच्छा। पलटी नजर जो देखा। झूला था मेरे पीछे। मैं फिर झूले में बैठ गई। डंडा पकड़ के। फिर मैंने क्या सोचा? क्या? कोई दिख ही नहीं रहा था। एक से मेरी आंख लड़ गई। हें! हाँ, मेले में। आँख किसी से लड़ा लिया, मौसम हमसे लड़ा ली। सुनो तो। हाँ। तो उसने हमारे लिए बहुत बढ़िया झूला बनवाया। अच्छा। और, और पीछे झूला था। अच्छा। मैंने देखा ही नहीं। झूले में स्प्रिंग थी। नहीं स्प्रिंग तो नहीं थी। वो उससे बंधा था। अरे वो लाल लाल क्या होता है? लाल लाल तो बहुत चीज होती है। अरे वो डोरी टाइप की जो लाल लाल होती है। उसमें बिछा था। अच्छा। सफेद। सफेद? हाँ। क्या कफन बिछा दगा? अरे बा। और उसमें फूल पड़े थे। अब समझ में आया, जनाजा था वो। अरे यार बड़े बदतमीज हो तुम। इतने बदतमीज हो रंपत। तुम्हारा नाम जिसने भी रखा है। जी। रंपत हरामी। कोई परेशानी? क्या कष्ट है भाइके? बहुत कष्ट है महाराज। तो कुछ लेती क्यों नहीं हो? क्या ले बता। हमेशा इस्तेमाल करो। क्या इस्तेमाल करूं? थोड़ा सा गुब्बारा। सामन का था महीना, बरसा जो कसके पानी। सामन का था महीना, बरसा जो कसके पानी। पलटी नजर जो देखा, झूला था मेरे पीछे। पलटी नजर जो देखा, झूला था मेरे पीछे। फिर मैं झूले में बैठ गई। फिर मैंने क्या किया? छतियां पकड़ के रोई रे बेईमान। हे भगवान! अरे नादान बालमा। छतियां पकड़ के रोई रे बेईमान बालमा, अरे नादान बालमा। और क्या रंपत जी। मंदिर में जा पहुंची, पंडित ने मुझको रोका। सब फैसला कर रही हो। हमने यह सोचा कि जब मेले में आए हैं, शिवजी के दर्शन कर लें। अच्छा शंकर जी के दर्शन किए। हाँ शंकर जी के दर्शन किया मैंने। शिवलिंग ही पकड़ी थी। हाँ। शिवलिंग ही पकड़ी थी। हाँ। सहेलाया था। औरतों की आदत होती है। क्या होती जब शिवलिंग पकड़ती है। हाँ। भोले बाबा। हें। भोले बाबा। भोले बाबा व्यवस्था करो। कहें कि। समझने वाले समझ रहे हैं, तुम्हारी समझ नहीं आएगा। मंदिर में जा पहुंची, पंडित ने मुझको रोका। और क्या रंपत जी। शिवलिंग पकड़ के रोई रे। दुनिया खराब कर दिया, भगवान को खराब कर रही तू। शिवलिंग पकड़ के रोई रे बेईमान बालमा, अरे नादान बालमा। मैं रात भर ना सोई रे बेईमान बालमा, अरे नादान बालमा। बेईमान बालमा, नादान बालमा। बेईमान बालमा, नादान बालमा। झूला झूलन को आई रे बेईमान बालमा, अरे नादान बालमा।
Rani, Rampat — Rampat Or Rani Ka Mausam
«Rampat Or Rani Ka Mausam» — Rani, Rampat. Читайте текст песни и подпевайте с караоке-подсветкой: строки текста подсвечиваются в такт музыке. Слушайте онлайн бесплатно или скачайте mp3. Длительность записи — 13:36. Жанр — Этническая.
