Текст песни
सजी थी होठों पे बंसी, गोल्ड के कानों में कुंडल, लटे हैं काली घुंघराली, देख के हो गई मैं पागल। सजी थी होठों पे बंसी, गोल्ड के कानों में कुंडल, लटे हैं काली घुंघराली। देख के हो गई मैं पागल। ऐसी प्यारी लगी मुझे बंसी वाले की झलक, बंसी वाले की झलक। मैं देखूं मेरे प्यारे कान्हा पलट पलट। मैं देखूं मेरे प्यारे कान्हा पलट पलट। बैठे थे जमुना के तट पर, बड़े हैं सुंदर मोसच्चिधर। सांवली सूरत प्यारी सी, मधुर मुस्कान होठों पर। सांवली सूरत प्यारी सी, मधुर मुस्कान होठों पर, मधुर मुस्कान होठों पर। उन्हें देखने की उठी मेरे दिल में ललक, दिल में ललक। मैं देखूं मेरे प्यारे कान्हा पलट पलट। मैं देखूं मेरे प्यारे कान्हा पलट पलट। छोड़कर का सारा साज, चली किस ओर मैं देखो आज। किसी से बतलायी ना बात, किसी से खोला ना ये राज। किसी से बतलायी ना बात, किसी से खोला ना ये राज, किसी से खोला ना ये राज। मैं तो चली आई चुप चुप, जमुना के तट, जमुना मैं देखूं मेरे प्यारे कान्हा पलट पलट। मैं देखूं मेरे प्यारे कान्हा पलट पलट। झलक उसकी ऐसी पाई, भुला ना अब तक मैं पाई। तुझे क्या बतलाऊं शर्मा दिल अपना छोड़ वहां आई। तुझे क्या बतलाऊं शर्मा दिल अपना छोड़ वहां आई, दिल अपना छोड़ वहां आई। मेरा दिल इस दुनिया से अब गया हट, अब गया हट। मैं देखूं मेरे प्यारे कान्हा पलट पलट। मैं देखूं मेरे प्यारे कान्हा पलट पलट।
Rani — Radhe Krishana
«Radhe Krishana» — Rani. Читайте текст песни и подпевайте с караоке-подсветкой: строки текста подсвечиваются в такт музыке. Слушайте онлайн бесплатно или скачайте mp3. Длительность записи — 2:47. Жанр — Этническая.
