Текст песни
बोल सासे दरबार की। जय! आरती अंबे मैया की, दीनजन पार लगैया की। आरती अंबे मैया की, दीनजन पार लगैया की। आरती अंबे मैया की, दीनजन पार लगैया की。 आरती अंबे मैया की, दीनजन पार लगैया की। आरती अंबे मैया की, दीनजन पार लगैया की। आरती अंबे मैया की, दीनजन पार लगैया की। शिकर पे प्रकट हुई माई। शिकर पे प्रकट हुई माई। धरा पर उजियारी छाई। धरा पर उजियारी छायी। रूप है माँ का सुखदाई। रूप है माँ का सुखदायी। जगत उद्धार, लियो अवतार, करे भवतार, पात किनपार लगइया की। दीनजन पार लगैआ की। आरती अंबे मैया की, दीनजन पार लगैया की। आरती अंबे मैया की, दीनजन पार लगैया की। शीष पर कनक मुकुट राजे। शीष पर कनक मुकुट राजे। बाल में बितिया अति साजे। बाल में बितिया अति साजें। श्रवण में करण फूल राजे। श्रवण में करण फूल राजे। मोतिन के माल गले बीच डाल चुनरिया लाल संत जन चीत चुड़य्या की। दीनजन पार लगैया की। आरती अंबे मैया की, दीनजन पार लगैया की। आरती अंबे मैया की, दीनजन पार लगैया की। किनारी लाल जरी सारी। किनारी लाल जरी सारी। प्रिया शिवजी की हैं प्यारी। प्रिया शिवजी की हैं प्यारी। शिकर पर छाई छवि न्यारी। शिकर पर छाया छवि न्यारी। करे सब ध्यान, मिटे अज्ञान, मिले वरदान मात यम फंद छुड़इयाँ दी। दीनजन पार लगइयाँ की। आरती अंबे मैया की, दीनजन पार लगइयाँ की। आरती अंबे मैया की, दीनजन पार लगइयाँ की। प्रथम लाखो माने तारे। प्रथम लाखों Man Tare. कहत हैं वेद शास्त्र सारे। कहंत हैं वेद शास्त्र सारे। खड़े हम भक्त तेरे द्वारे। खड़े हम भक्त तेरे द्वारे। हमारी भी करो ना बी suno माटे सदा दुख दूर करइयाँ की। दीनजन पार लगइयाँ की। आरती अंबे मैया की, दीनजन पार लगइयाँ की। आरती अंबे मैया की, दीनजन पार लगइयाँ की। आरती अंबे मैया की, दीनजन पार लगइयाँ की। आरती अंबे मैया की, की, दीनजन पार लगइयाँ की। आरती अंबे मैया की, दीनजन पार लगइयाँ की।
Rani, Krishna Nand Ji Shastri — Aarti Ambe Maiya Ki
«Aarti Ambe Maiya Ki» — Rani, Krishna Nand Ji Shastri. Читайте текст песни и подпевайте с караоке-подсветкой: строки текста подсвечиваются в такт музыке. Слушайте онлайн бесплатно или скачайте mp3. Длительность записи — 4:47. Жанр — Этническая.
